फरीदाबाद,जनतंत्र टुडे
समग्र भलाई और आध्यात्मिक कल्याण केंद्र, अग्रवाल कॉलेज बल्लभगढ़ द्वारा प्राचार्य डॉo कृष्णकांत गुप्ता के कुशल मार्गदर्शन में 22-25 फरवरी 2023 तक ‘जीवन जीने की राह‘ पर 4 दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यशाला की शुरुआत 22 फरवरी 2023 को डॉ विजाता आर्य – योग और प्राकृतिक चिकित्सा चिकित्सक, काया कल्प योग और नेचर क्योर इंस्टीट्यूट – के अध्यक्ष के रूप में उद्घाटन समारोह के साथ हुई। दूसरे दिन की थीम थी:
‘ध्यान के पांच आयाम‘।
इस कार्यक्रम के दूसरे दिन मुख्य वक्ता आचार्य हरदीप सिवाच, योगाचार्य, आध्यात्मिक चिकित्सक, रेकी मास्टर, सम्मोहन चिकित्स रहे। उन्होंने ध्यान और इसके विभिन्न लाभों पर अपने विचार रचनात्मक तथ्यों से प्रस्तुत किये। उन्होंने कहा कि ध्यान तनावपूर्ण स्थितियों पर एक नया दृष्टिकोण हासिल करने और इसे प्रबंधित करने के लिए कौशल विकसित करने में मदद करता है। उन्होंने आगे कहा कि ध्यान और योग नकारात्मक भावनाओं को कम करने में सहायता करते हैं और कल्पनाशीलता, रचनात्मकता और सहनशीलता को बढ़ाते हैं। उन्होंने उपस्थित सभी सभागणों को योग और ध्यान के अभ्यास सत्र दिए। इस 4 दिवसीय कार्यशाला के संयोजक डॉ इनायत चौधरी हैं। कार्यक्रम के इस सत्र में लगभग 50 प्रतिभागियों ने इस कार्यक्रम का लाभ उठाया।
तीसरे दिन आचार्य हरदीप सिवाच ने ‘हीलिंग के सात चक्र’ पर व्याख्यान दिया। उन्होंने सात चक्रों और उनके विभिन्न लाभों पर अपनी पावर प्वाइंट प्रस्तुति के माध्यम से कहा कि हमें अपने सात चक्रों को खोलने की आवश्यकता है जो शरीर के मुख्य ऊर्जा केंद्र हैं। उन्होंने कहा कि जब हमारे सभी चक्र खुले होते हैं, तो ऊर्जा उनके माध्यम से स्वतंत्र रूप से चल सकती है और भौतिक शरीर, मन और आत्मा के बीच सामंजस्य बना रहता है। उन्होंने उपस्थित सभी सभागणों को सात चक्रों के विभिन्न अनुभवात्मक अभ्यास सत्र दिए। सभी ने प्रशिक्षण का आनंद लिया क्योंकि यह आध्यात्मिक और शारीरिक दोनों तरह से किसी के जीवन की गुणवत्ता को बढ़ाता है। प्राचार्य डॉ कृष्णकांत ने सभी लोगों के समग्र विकास को बढ़ाने के लिए इस तरह के अनुभवात्मक कार्यक्रमों के आयोजन पर जोर दिया।
इस 4 दिवसीय कार्यशाला की संयोजक डॉ इनायत चौधरी हैं। कार्यक्रम के इस सत्र में लगभग 101 प्रतिभागियों ने लाभ उठाया।
