फरीदाबाद , जनतंत्र टुडे / हरियाणा लोक प्रशासन संस्थान (हरियाणा इंस्टीट्यूट ऑफ पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन, HIPA), गुरुग्राम द्वारा पंडित जवाहरलाल नेहरू राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, फरीदाबाद के सहयोग से “गुड गवर्नेंस, पब्लिक सर्विस डिलीवरी, कर्मयोगी कॉम्पिटेंसीज, बिहेवियर स्किल्स फॉर GROs (CPGRAMS, सीएम विंडो, RTI एक्ट, हरियाणा आदि)” विषय पर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय के बैंदा हॉल में किया गया।
यह कार्यक्रम महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ रुचिरा खुल्लर के संरक्षण में आयोजित किया गया। कार्यक्रम के सफल संचालन एवं समन्वय में नोडल अधिकारी डॉ प्रोमिला काजल की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातः 9:00 बजे पंजीकरण के साथ हुआ, जिसके पश्चात HIPA की ओर से विभिन्न विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा व्याख्यान प्रस्तुत किए गए। डॉ जोरावर एवं डॉ विवेकानंद ने मंच का कुशल संचालन किया। प्रथम सत्र में श्री शिव प्रसाद शर्मा (आईएएस सेवानिवृत्त), प्रोजेक्ट एसोसिएट, सेवोत्तम सेल, हरियाणा लोक प्रशासन संस्थान, गुरुग्राम ने गुड गवर्नेंस एवं नागरिक केंद्रित प्रशासन विषय पर प्रकाश डालते हुए पारदर्शिता, जवाबदेही, लोक सेवा नैतिकता एवं नागरिकों के प्रति उत्तरदायित्व के महत्व पर बल दिया।
द्वितीय सत्र में डॉ एन.सी. वाधवा (आईएएस सेवानिवृत्त) ने लोक अधिकारियों के व्यवहार कौशल विषय पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने जन शिकायतों के समाधान में सहानुभूति, सकारात्मक दृष्टिकोण, प्रभावी संवाद एवं फीडबैक के महत्व को रेखांकित किया। इसके उपरांत डॉ. आरती दुडेजा, इंचार्ज, सेवोत्तम सेल, हरियाणा लोक प्रशासन संस्थान, गुरुग्राम ने सेवोत्तम फ्रेमवर्क, राइट टू सर्विस एक्ट तथा कर्मयोगी कॉम्पिटेंसी मॉडल के बारे ऑनलाइन सत्र में विस्तार से जानकारी दी और आधुनिक प्रशासन में दक्षता आधारित कार्यप्रणाली अपनाने की आवश्यकता पर बल दिया।
तत्पश्चात श्री शिव प्रसाद शर्मा द्वारा सेवोत्तम फ्रेमवर्क, मुख्यमंत्री विंडो (स्टेट ग्रीवेंस रेड्रेसल पोर्टल) तथा CPGRAMS के प्रभावी क्रियान्वयन एवं जन शिकायतों के त्वरित एवं पारदर्शी समाधान की प्रक्रिया के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई, एवं प्रश्न-उत्तर सत्र आयोजित किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया और अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया।
यह प्रशिक्षण कार्यक्रम अत्यंत ज्ञानवर्धक एवं उपयोगी सिद्ध हुआ। इस कार्यक्रम के माध्यम से प्रतिभागियों को सुशासन, जन सेवा वितरण, शिकायत निवारण तंत्र, सेवोत्तम फ्रेमवर्क तथा व्यवहारिक कौशलों के संबंध में महत्वपूर्ण एवं व्यावहारिक जानकारी प्राप्त हुई। यह पहल हरियाणा में सुशासन, प्रशासनिक दक्षता एवं नागरिक-केन्द्रित सेवा प्रणाली को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। प्राचार्या डॉ रुचिरा खुल्लर ने सभी उपस्थित विशेषज्ञों, प्रतिभागियों, टीचिंग एवं नॉन टीचिंग स्टाफ सदस्यों का आयोजन को सफल बनाने के लिए आभार व्यक्त किया एवं प्रशिक्षण के दौरान मिली जानकारियों, हिदायतों, सावधानियों और प्रेरणाओं को अपने कार्यक्षेत्र में अपनाने के लिए प्रेरित किया।
