
फरीदाबाद, जनतंत्र टुडे / पुलिस आयुक्त ओमप्रकाश नरवाल IPS, पुलिस उपायुक्त मुख्यालय अभिषेक जोरवाल के मार्गदर्शन में सामुदायिक पुलिसिंग टीम और यातायात पुलिस टीम ने नेहरू युवा केंद्र के स्वयं सेवकों के साथ मिलकर राजकीय महाविद्यालय, खेड़ी गुजरान व राजकीय उच्च विद्यालय, सोतई में आमजन को यातायात नियमों की जानकारी देकर जागरुक किया है।
पुलिस टीम ने अभियान के दौरान नागरिकों को यातायात नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित किया गया:-
पुलिस टीम ने बताया कि छात्रों और अध्यापकों को सड़क दुर्घटनाओं में घायलों की सहायता करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। “गुड सेमेरिटन रूल” के तहत किसी घायल की मदद करने पर सहायता करने वाले को इनाम भी मिल सकता है। सभी को सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने, हेलमेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने और गलत दिशा में वाहन न चलाने के लिए प्रेरित किया गया। यदि कोई सड़क दुर्घटना होती है, तो तुरंत डायल 112 पर कॉल करके सहायता प्राप्त की जा सकती है। डायल 112 एक आपातकालीन सेवा है जो तुरंत पुलिस, एम्बुलेंस और फायर ब्रिगेड की सहायता प्रदान करती है।
साइबर फ्रॉड-
साइबर अपराधों की बढ़ती घटनाओं के बारे में जागरूकता बढ़ाई गई और छात्राओं को निम्नलिखित सुरक्षा उपायों को अपनाने के लिए प्रेरित किया गया: सोशल मीडिया अकाउंट्स को सुरक्षित रखें और अपने प्रोफाइल को लॉक करें। अनजान व्यक्तियों की फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करें और संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें। अज्ञात नंबर से आने वाले व्हाट्सएप कॉल या वीडियो कॉल को अटेंड न करें। साइबर अपराधों की रिपोर्ट साइबर क्राइम पोर्टल और “संचार साथी पोर्टल” के माध्यम से कर सकते हैं, जो साइबर धोखाधड़ी और ऑनलाइन सुरक्षा के लिए भारत सरकार द्वारा शुरू की गई एक महत्वपूर्ण पहल है। साइबर अपराध से संबंधित किसी भी घटना की सूचना राष्ट्रीय हेल्पलाइन नंबर 1930 पर दी जा सकती है।
नशे के दुष्परिणाम-
पुलिस टीम ने बताया कि नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी दी गई और सभी को इस सामाजिक बुराई से दूर रहने की सलाह दी गई। छात्राओं को यह बताया गया कि नशा न केवल स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है, बल्कि यह समाज को भी नुकसान पहुंचाता है। नशे का अवैध व्यापार करने वालों की सूचना हरियाणा नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो की हेल्पलाइन 90508 91508 पर दें। सभी को शपथ दिलाई गई कि वे नशा मुक्त समाज के निर्माण में अपना योगदान देंगे और दूसरों को भी इस दिशा में प्रोत्साहित करेंगे।
महिला सुरक्षा-
महिला सुरक्षा के लिए “ट्रिप मॉनिटरिंग सिस्टम” की जानकारी दी गई, जो महिलाओं की यात्रा को सुरक्षित बनाने के लिए कार्य करता है। किसी भी यात्रा के दौरान अगर कोई असुविधा होती है, तो डायल 112 के माध्यम से तुरंत सहायता प्राप्त की जा सकती है। इसके अतिरिक्त, पुलिस की सहायता के लिए स्थानीय पुलिस प्रबंधक और महिला पुलिस प्रबंधक के नंबर भी प्रदान किए गए हैं, जिनका उपयोग आपात स्थिति में किया जा सकता है।





