फरीदाबाद , जनतंत्र टुडे / सेक्टर-33 स्थित विद्युत मंत्रालय के राष्ट्रीय विद्युत प्रशिक्षण संस्थान (एनपीटीआई) में अनिवार्य फाउंडेशन कोर्स के 31वें बैच का समापन समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर ऊर्जा मंत्रालय के अंतर्गत आने वाले एसजेवीएन लिमिटेड, एनएचपीसी लिमिटेड, पावर फाइनेंस कॉर्पोरेशन और दामोदर वैली कॉरपोरेशन के 127 नव-नियुक्त अधिकारियों को प्रमाणपत्र प्रदान किए गए।
समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में सेंट्रल इलेक्ट्रिसिटी अथॉरिटी के सदस्य (थर्मल) श्री प्रवीण गुप्ता उपस्थित रहे। उनका स्वागत ग्रिड ऑपरेशन और डिस्ट्रीब्यूशन के सदस्य एवं एनपीटीआई के महानिदेशक श्री हेमंत जैन ने पौधा भेंट कर किया। 21 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों ने क्रिकेट, बैडमिंटन, शतरंज और वॉलीबॉल जैसी खेल प्रतियोगिताओं में भाग लिया, जिनमें विजेताओं को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के उद्घाटन उद्बोधन में डॉ. इंदु माहेश्वरी, प्रिंसिपल डायरेक्टर (ट्रेनिंग) ने कहा कि आज का दौर तेजी से बदलते तकनीकी परिवेश, बदलती बाज़ार परिस्थितियों और सतत ऊर्जा समाधान की बढ़ती आवश्यकता से संचालित हो रहा है। ऐसे समय में युवा पेशेवरों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण हो जाती है। भविष्य में संगठन की दिशा और सफलता काफी हद तक आपके कंधों पर निर्भर करेगी।
डॉ. वत्सला शर्मा, डायरेक्टर (ट्रेनिंग) ने मुख्य अतिथियों, अधिकारियों, कर्मचारियों एवं प्रतिभागियों का धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया। कार्यक्रम समन्वयन की जिम्मेदारी डॉ. के.पी.एस. परमार, डॉ. महेंद्र सिंह, राहुल पांडे और अनुराग राय ने निभाई।
अपने संबोधन में मुख्य अतिथि श्री प्रवीण गुप्ता ने कहा कि देश का विद्युत क्षेत्र तेजी से विस्तार कर रहा है और इसमें सार्वजनिक उपक्रमों की महत्वपूर्ण भूमिका है। एनएचपीसी, डीवीसी, एसजेवीएनएल, पीएफसी, एनटीपीसी और आरईसी जैसी संस्थाएं देश के ऊर्जा क्षेत्र की रीढ़ हैं और एक ही मंत्रालय के अंतर्गत इतनी बड़ी संख्या में पीएसयू होना अपने आप में विशेष है।
उन्होंने प्रतिभागियों को सलाह दी कि वे उत्पादन, प्रसारण और वितरणकृतीनों क्षेत्रों की समग्र समझ विकसित करें और ऊर्जा क्षेत्र की नई चुनौतियों के लिए स्वयं को तैयार रखें।
इस अवसर पर एनपीटीआई के महानिदेशक श्री हेमंत जैन ने कहा कि तीन सप्ताह का यह प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रतिभागियों को ऊर्जा क्षेत्र के तकनीकी, नियामकीय और वित्तीय पहलुओं की व्यापक समझ देने के लिए तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि पारदर्शिता, जवाबदेही और नैतिक मूल्यों के साथ कार्य करना ही किसी भी पेशेवर की सफलता की कुंजी है।
