फरीदाबाद , जनतंत्र टुडे / भारती एयरटेल फाउंडेशन ने अपने स्कॉलरशिप प्रोग्राम के तहत जे.सी. बोस विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, वाईएमसीए, फरीदाबाद के 100 स्टूडेंट्स को स्कॉलरशिप देने की घोषणा भी की है।
यह घोषणा भारती एंटरप्राइजेज के उपाध्यक्ष एवं संस्थान के प्रतिष्ठित पूर्व छात्र श्री राकेश भारती मित्तल ने स्वर्ण जयंती पूर्व छात्र मिलन समारोह – ‘संगम-2026’ के दौरान की गयी। यह आयोजन संस्थान के 1972-76 बैच के 50 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष में आयोजित किया गया था। कुलगुरु प्रो. राजीव कुमार की अध्यक्षता में आयोजित इस समारोह में मुख्य अतिथि भारती एंटरप्राइजेज के उपाध्यक्ष श्री राकेश भारती मित्तल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
इस अवसर पर उभरती प्रौद्योगिकियों में अत्याधुनिक अनुसंधान, नवाचार और कौशल विकास को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, कुलगुरु प्रो. राजीव कुमार ने विश्वविद्यालय में अनुमानित 23 करोड़ रुपये के निवेश से चार नए उत्कृष्टता केंद्र (सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस) विकसित करने की घोषणा की। ये सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस भविष्य के प्रौद्योगिकी को ध्यान में रखते हुए विकसित किये जा रहे हैं, जिनमें कृत्रिम बुद्धिमत्ता एवं मशीन लर्निंग, एंटी-ड्रोन टेक्नोलॉजी, मेकाट्रॉनिक्स तथा आइडिया लैब शामिल हैं।
समारोह में डाइकिन इंडिया के सीईओ और एमडी कंवलजीत जावा, फुजी जेमको प्रा. लिमिटेड के सीईओ डॉ. महेश सचदेवा, वाईएमसीए मॉब एलुमनाई एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री सुखदेव सिंह सहित विभिन्न क्षेत्रों के अन्य वरिष्ठ कॉर्पोरेट लीडर्स और पूर्व छात्र उपस्थित रहे। कार्यक्रम का आयोजन विश्वविद्यालय की एलुमनाई अफेयर्स सेल द्वारा किया गया, जिसका समन्वय प्रो. मुनीश वशिष्ठ, डीन (इंस्टीट्यूशन) तथा प्रो. संजीव गोयल, डीन (एलुमनाई अफेयर्स) ने किया।
अपने संबोधन में कुलगुरु प्रो. राजीव कुमार ने विश्वविद्यालय की व्यावहारिक उत्कृष्टता, मजबूत उद्योग संबंधों तथा समृद्ध इंडो-जर्मन विरासत पर आधारित अनूठी पहचान पर प्रकाश डाला, जिसके कारण यह आईआईटी एवं एनआईटी जैसे प्रमुख संस्थानों के समकक्ष माना जाता है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में यह राज्य में छात्रों द्वारा सबसे अधिक पसंद किया जाने वाला तकनीकी संस्थान है। विश्वविद्यालय को लेकर भावी लक्ष्यों पर बोलते हुए प्रो. कुमार ने कहा कि उनका लक्ष्य अगले पांच वर्षों में इसे राष्ट्रीय महत्व के संस्थान का दर्जा दिलाने का है, जोकि पूर्व छात्रों, शिक्षकों सहित सभी के सामूहिक सहयोग से ही संभव हैं।
अपने भावुक एवं प्रेरणादायक भाषण में श्री राकेश भारती मित्तल ने संस्थान परिसर में अपने पहले दिन, छात्रावास जीवन, आजीवन मित्रताओं, प्रो. आर्य, प्रो. सिक्का एवं प्रो. तलवार जैसे शिक्षकों के मार्गदर्शन से अकादमिक चुनौतियों पर जीत हासिल करने, यादगार प्रोजेक्ट्स तथा औद्योगिक भ्रमणों की स्मृतियां साझा कीं, जिन्होंने उनके अंदर गुणवत्ता को लेकर चेतना विकसित की।
इस अवसर पर श्री मित्तल ने 2026-2027 शैक्षणिक सत्र से भारती एयरटेल फाउंडेशन स्कॉलरशिप प्रोग्राम के विस्तार की घोषित किया, जिसके तहत प्रतिवर्ष अब 100 मेधावी छात्रों (लड़के एवं लड़कियां दोनों) को स्कॉलरशिप सहायता प्रदान की जाएगी। वर्तमान में इस कार्यक्रम के तहत 25 छात्राओं को स्कॉलरशिप दी जा रही है तथा अब तक कुल 57 स्कॉलरशिप प्रदान की जा चुकी हैं। छात्र लाभार्थियों के साथ विशेष संवाद के दौरान श्री मित्तल ने अतिरिक्त प्रोत्साहन की घोषणा की कि 8.5 या उससे अधिक सीजीपीए बनाए रखने वाले छात्रों को लैपटॉप तथा छात्रावास शुल्क एवं मेस चार्जेस के लिए वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। उन्होंने सभी छात्रों से अनुशासित, केंद्रित एवं समर्पित रहकर पढ़ाई करने का आह्वान किया।
वाईएमसीए मॉब एलुमनाई एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री सुखदेव सिंह ने अपने संबोधन में 1985 से वाईएमसीए मॉब की यात्रा का संक्षिप्त विवरण दिया। उन्होंने बताया कि वर्तमान में 17 सक्रिय राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय चैप्टर्स के साथ वाईएमसीए मॉब विश्वभर में 10,000 से अधिक पूर्व छात्रों को कार्यक्रमों, स्कॉलरशिप, मेंटरशिप, प्लेसमेंट तथा संस्थागत सहयोग के माध्यम से जोड़े हुए है। उन्होंने छात्रों से कड़ी मेहनत, कौशल विकास पर ध्यान तथा उत्कृष्टता के प्रति प्रतिबद्ध रहने का आह्वान किया।
इस अवसर पर श्री राकेश भारती मित्तल के नेतृत्व में पूर्व छात्रों ने स्टार्टअप प्रदर्शनी का दौरा किया, जहां उन्होंने युवा उद्यमियों से निकट संवाद किया, उनकी विचारों को समझा, चुनौतियों पर चर्चा की तथा मेंटरशिप के अवसरों पर विचार किया। कार्यक्रम में छात्र क्लबों द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, कला प्रदर्शनी, पूर्व छात्रों के सम्बोधन एवं स्मृति-कथन, अतिथियों का सम्मान, कैंपस भ्रमण, वर्कशॉप एवं लैब का दौरा आदि शामिल रहे।
