
फरीदाबाद,जनतंत्र टुडे
अग्रवाल महाविद्यालय बल्लभगढ़ के प्रांगण में चल रहे सात दिवसीय विश्वविद्यालय स्तरीय राष्ट्रीय सेवा योजना शिविर (फॉर बॉयज) के तीसरे दिन शिविर की शुरूआत योग से हुई l शिविर की थीम भारतीय युवा: चरित्र, व्यक्तित्व एवम स्वावलंबन है l महाविद्यालय प्राचार्य डॉ. कृष्ण कांत जी का मकसद योग से शिविर की शुरुआत कराने का पीछे सभी स्वयंसेवकों को पूरे दिन सतर्क रखना है ताकि स्वयंसेवक सभी गतिविधियों में भाग ले सकें l
प्रात: काल के मुख्य वक्ता श्री एस.के. अग्रवाल (जी.जी ग्रुप और एक्टिव रोटेरियन) ने वैश्विक तापन व पर्यावरण संबंधित अन्य संवेदनशील मुद्दों पर स्वयंसेवकों को जागरूक किया l उन्होंने बताया कि किस तरह हम अपनी दैनिक दिनचर्या से अपने पर्यावरण की दुर्दशा करते जा रहे हैं और हमारे पृथ्वी के वायुमंडल का औसतन तापमान 4.5 डिग्री सेल्सियस से 5 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ चुका है l हमें जीवन तत्वों यानी जल, वायु व मृदा का संरक्षण करना जरूरी है क्योंकि अगर इन तत्वों में हानिकारक बदलाव हुआ तो हमारे जीवन अत्यंत भयावह हो जाएगा l इसके लिए हमें स्वयं को तो सजग होना ही पड़ेगा साथ ही अपने आसपास के लोगों को भी जागरूक करना पड़ेगा और अंत में उन्होंने सभी को पांच वृक्ष लगाने व उनका ध्यान रखने की शपथ भी दिलाई l
डॉ. सुप्रिया ढांडा जी ने कहा कि केवल वृक्ष लगाना और उनके साथ सेल्फी लेना ही वृक्षारोपण नहीं है बल्कि उन पेड़ों के पूर्ण होने तक उसका ध्यान रखना ही वृक्षारोपण है l आज ही के दिन पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण व मृदा संरक्षण आदि विषयों पर रैली का आयोजन भी किया गया l
सायंकाल सत्र के मुख्य वक्ता श्री रणवीर सिंह गुलिया (भूतपूर्व प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय रोहतक, राष्ट्रीय अवॉर्डी) ने बताया कि कैसे एक स्वयंसेवक राष्ट्रीय सेवा योजना को अपने जीवन को सफल बनाने में प्रयोग कर सकता है व राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवक होने के नाते समाज के प्रति उसकी क्या जिम्मेदारियां व कर्तव्य हैं और कैसे समाज कल्याण के लिए उनका निर्वहन करना चाहिए विषय पर अपना संबोधन दिया l
महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय रोहतक, के वर्तमान राष्ट्रीय सेवा योजना के प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर प्रो. डॉ. राजकुमार ने भी स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए बताया कि अनुशासन व समयबद्धता ही सफलता की कुंजी है और जहां राष्ट्रीय सेवा योजना का नाम आता है अनुशासन अपने आप ही साथ जुड़ जाता है l
गौरतलब है कि शिविर में 10 महाविद्यालयों के 133 स्वयंसेवक भाग ले रहे हैं l महाविद्यालय प्राचार्य डॉ. कृष्ण कांत जी ने शिविर के कुशल संचालन के लिए शिविर के समग्र प्रभारी डॉ. अशोक कुमार निराला, कार्यक्रम अधिकारी डॉ. शोभना गोयल, श्री सुभाष कैलोरिया, श्री लवकेश, श्री मनमोहन सिंगला व शिविर से जुड़े सभी गैर शिक्षक वर्ग को बधाई दी l







