
फरीदाबाद , जनतंत्र टुडे / दीपावली के उपलक्ष्य में मिशन जागृति द्वारा बाल सुधार गृह में “दीप संग मुस्कान” कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों के जीवन में मुस्कान, आशा और सकारात्मक ऊर्जा लाना था। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि बिजेंद्र सोरोत, सचिव – रेडक्रॉस, तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में समाजसेवी एवं उद्यमी साहिल नंबरदार, श्रीमती प्रतिमा गर्ग और गोपाल गोयल उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और रंगोली से हुई। बच्चों ने गीत, नृत्य और अन्य सांस्कृतिक प्रस्तुतियों में उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। मुख्य अतिथि बिजेंद्र सोरोत ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि “गलतियाँ जीवन का हिस्सा हैं, पर उनसे सीखकर आगे बढ़ना ही सच्ची सफलता है।” उन्होंने बच्चों को सकारात्मक सोच और आत्मविश्वास के साथ अपने भविष्य की दिशा तय करने के लिए प्रेरित किया।
साहिल नंबरदार ने बच्चों को अनुशासन, आत्मविश्वास और अपने सपनों को साकार करने के लिए निरंतर प्रयासरत रहने का संदेश दिया।
प्रतिमा गर्ग ने शिक्षा और संस्कार के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बच्चों को अपने भविष्य का निर्माता बनने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम की संयोजक एवं पूर्व महिला जिला अध्यक्ष लता सिंगला ने बच्चों को अपने लक्ष्य की ओर दृढ़ता और समर्पण से बढ़ने की प्रेरणा दी।
मिशन जागृति के संस्थापक प्रवेश मलिक ने अपने संदेश में कहा कि “दीपावली केवल रोशनी का पर्व नहीं, बल्कि अपने भीतर आशा और सकारात्मकता जगाने का अवसर है।” उन्होंने बच्चों को टीम बिल्डिंग गेम्स के माध्यम से एकता, सहयोग और आत्मविश्वास का संदेश दिया।
मिशन जागृति की सिलाई सेंटर की लड़कियों ने बाल सुधार गृह के बच्चों के साथ मिलकर सुंदर रंगोली बनाई, जिससे टीमवर्क और रचनात्मकता का वातावरण बना। संस्था की ओर से राष्ट्रीय सचिव संतोष अरोड़ा, कोषाध्यक्ष महेश आर्य, राष्ट्रीय सचिव अशोक भटेजा, महिला जिला अध्यक्ष भावना चौधरी, उपाध्यक्ष दिनेश राघव, गोपाल गोयल, मोनिका अरोड़ा और प्रियंका सहित कई सदस्य उपस्थित रहे।
बाल सुधार गृह की ओर से श्याम सुंदर, बालकृष्ण, प्रमोद शर्मा, अनूप सिंह, तराचंद, विपिन कुमार और अन्य अधिकारी कार्यक्रम में शामिल हुए। कार्यक्रम के समापन पर बाल सुधार गृह की ओर से प्रमोद जी ने सभी अतिथियों और मिशन जागृति टीम का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि “ऐसे आयोजन बच्चों में नई ऊर्जा, आत्मविश्वास और समाज से जुड़ाव की भावना पैदा करते हैं।”
मिशन जागृति ने इस दीपावली पर यह संदेश दिया कि संस्था सदैव समाज के बच्चों के लिए प्रेम, मार्गदर्शन और अवसर की रोशनी जलाती रहेगी। ऐसे कार्यक्रम न केवल बच्चों के विकास के लिए, बल्कि समाज में जागरूकता और संवेदनशीलता फैलाने के लिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।
