
फरीदाबाद , जनतंत्र टुडे / वनवासी रक्षा परिवार फाउन्डेशन बल्लबगढ़ जिला द्वारा आयोजित संस्कार परिवार मिलन समारोह समपन्न। सेक्टर 3 स्थित अग्रवाल पब्लिक स्कूल में आयोजित इस समारोह में वनवासी रक्षा परिवार फाउन्डेशन के सैकड़ों छात्रों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई, जिसमें छात्र-छात्राओं द्वारा गायत्री मंत्र व महामृत्युंजय मंत्र का जाप दर्शकों को कराया गया। इसके अलावा घर में तुलसी व गिलोय पौधारोपण की अनिवार्यता पर प्रकाश डाला।
समारोह में जिला अध्यक्ष-बल्लबगढ़ सतीश जैन व सह संयोजक राजकुमार शर्मा के अलावा मनोज कुमार विनोद ने बताया कि शहरवासियों को विदेशी वस्तुओं का बहिष्कार करके, स्वदेशी वस्तुओं को अपनाकर देश के आर्थिक विकास में योगदान देना चाहिए। हमें हमेशा अपने महापुरूषों के जीवन-दर्शन व सांस्कृतिक परम्पराओं के ज्ञान का बोध होना चाहिए जिससे कि हमारी सांस्कृतिक धरोहर बची रहे। उन्होंने बताया कि वनवासी रक्षा परिवार फाउन्डेशन का लक्ष्य लगभग एक लाख परिवारों को जोडऩे का है, जिसमें महिलाओं को विशेष रूप से संस्था के प्रतिभा विकास केंद्र के साथ संस्कार परिवार योजना से भी जोडऩा है, जिससे कि महिला सशक्तिकरण किया जा सके। युवाओं मेें प्रतिभा का विकास करने के लिए संस्था सामाजिक जागरण की गतिविधियाँ कर उन्हें मुुख्य धारा में जोडऩे का प्रयास कर रही है।
उनकी संस्था ने वनवासी व वंचित समाज को शिक्षित, संस्कारित, स्वावलंबी, संगठित तथा सुरक्षित समाज के रूप में विकसित करने का लक्ष्य रखा हुआ है। इस दौरान संस्था के वरिष्ठ पदाधिकारी श्रीराम अग्रवाल ने बताया कि फरीदाबाद को चार जिलों में बाँटा हुआ है, जिसमें बल्लबगढ़, पूर्वी फरीदाबाद, पश्चिमी फरीदाबाद के साथ पलवल चौथे जिले के रूप में काम कर रहा है। श्रीराम अग्रवाल ने बताया कि बल्लबगढ़ जिले में सात केन्द्र, पूर्वी फरीदाबाद में छह: और पश्चिमी फरीदाबाद में दो केन्द्र चल रहे हैं, जहां पर सैकड़ों बच्चों को संस्कारों के साथ शिक्षा दी जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक मनुष्य मान-सम्मान के साथ सुख-शान्ति का जीवन चाहता है, जोकि विद्या संस्कार के साथ ही स्व-रोजगार से प्राप्त हो सकता है। अभाव में जी रहे परिवारों को शिक्षा-संस्कार के साथ स्वाभिमान और स्वावलंबन की शिक्षा उपलब्ध कराने का प्रयास ही वनवासी रक्षा परिवार फाउन्डेशन कर रहा है। इस दौरान बच्चों ने कई सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किये। इस कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि गिरधारी लाल जुनेजा, रामचन्द्र चौधरी, वीरेन्द्र शर्मा, शिखा वशिष्ठ के अलावा विनोद मित्तल, सुखबीर गोयत, सौरभ वशिष्ठ, योगेन्द्र पाल उपस्थित रहे।
