
फरीदाबाद , जनतंत्र टुडे / वनवासी रक्षा परिवार फाउंडेशन द्वारा राजधानी के इंदिरा गांधी स्टेडियम (साइकिलिंग वेलोड्रोम) में एक भव्य ‘संस्कार परिवार मिलन’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। राष्ट्रीय युवा दिवस की पूर्व संध्या पर आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य वनवासी और वंचित समाज के बच्चों की अंतर्निहित प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना और उन्हें राष्ट्रभक्ति व स्वावलंबन के संस्कारों से जोड़ना है। कार्यक्रम के अंतर्गत सामूहिक रूप से मंत्रोच्चार, प्राणायाम और योग का अभ्यास भी किया गया, जो फाउंडेशन की ‘संस्कार परिवार योजना’ का हिस्सा है।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्जवलन से हुआ। इसके उपरांत ॐ, गायत्री मंत्र एवं महामृत्युंजय मंत्र के उच्चारण के साथ प्राणायाम व योगाभ्यास होगा। तत्पश्चात् प्रतिभा विकास केंद्र के बच्चों द्वारा रंगमंचीय प्रस्तुति का मंचन किया गया। आध्यात्मिक और राजनैतिक जगत की कई बड़ी विभूतियों ने शिरकत की। जिसमें गीता मनीषी ज्ञानानन्द महाराज के सान्निध्य में आयोजित इस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में डी.एस. ग्रुप के पीयूष गुप्ता और विशिष्ट अतिथियों में केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा, विश्व हिंदू परिषद के अध्यक्ष आलोक कुमार और आरएसएस के क्षेत्र संघचालक पवन जिंदल सहित दिल्ली सरकार के मंत्री, सांसद और देश के जाने-माने उद्यमी भी बच्चों का उत्साहवर्धन करने पहुँचे।
संस्कार पक्ष के कार्यक्रम बच्चों द्वारा प्रस्तुत किये गए पूरे देश से आए बच्चों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। गया तथा कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को राष्ट्रीय संघटन प्रमुख वीरेंद्र ने संस्था के द्वारा किए जाने वाले कार्य की जानकारी दी तथा विश्व हिंदू परिषद के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार ने एक प्रसंग सुना कर हमारी सनातन संस्कृति की परिवार में जानकारी के अभाव में अगली पीढ़ी को संस्कारित करने में विफल रहे। इस पर चर्चा की और कहा कि हमे अपने बच्चों को इस पर चर्चा करनी चाहिए। अंत में गीता मनीषी ज्ञानानंद ने अपने संबोधन में कहा कि आज हमें परिवार के साथ बैठ कर इस पर चर्चा अवश्य करें।
फाउंडेशन के अध्यक्ष मनोज अरोड़ा ने बताया कि कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण ‘प्रतिभा विकास केंद्रों’ के नन्हे-मुन्ने बच्चों द्वारा रंगमंचीय प्रस्तुतियाँ दी गई। समारोह में एक भव्य प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। पूर्व एमडी (टीएफसीआईएल) शिवेन्द्र तोमर द्वारा प्रदर्शनी का उद्घाटन किया गया। जिसमें विभिन्न प्रांतों एवं दिल्ली एनसीआर क्षेत्र के बच्चों द्वारा निर्मित ज्ञान-विज्ञान और कलाकृतियों को प्रदर्शित किया गया। उपस्थित जनों ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर खूब प्रशंसा की।
वनवासी रक्षा परिवार फाउंडेशन का लक्ष्य दिल्ली-एनसीआर के एक लाख परिवारों को दैनिक संस्कार गतिविधियों से जोड़ना है। संस्था का संकल्प वनवासी और वंचित समाज को शिक्षित, संस्कारित और स्वावलंबी बनाकर राष्ट्र की मुख्यधारा में लाना है।
फाउंडेशन का कार्य और विस्तार:
फाउंडेशन श्री कृष्ण की नीति और आदर्शों के अनुरूप नगरीय समाज को वनवासी व वंचित समाज से जोड़ने का सतत प्रयास कर रहा है। वर्तमान में फाउंडेशन का कार्य 17 प्रांतों के 1564 केन्द्रों में फैला हुआ है। 1900 पूर्णकालिक आचार्यों के माध्यम से 34,724 बच्चों और उनके परिवारों को संस्कारित करने का कार्य किया जा रहा है। मुख्य रूप से हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान, बिहार, झारखंड, बंगाल, असम, ओडिशा, तमिलनाडु और छत्तीसगढ़ में गतिविधियां संचालित हैं।
कार्यक्रम की आयोजन समिति में संयोजक मयूर कालरा, कार्यकारी संयोजक मयंक शेखर अग्रवाल, श्रीराम अग्रवाल, राजेश दत्ता, माधव शर्मा सहित अन्य प्रमुख कार्यकर्ताओं का विशेष सहयोग रहा।




