
फरीदाबाद,जनतंत्र टुडे
अग्रवाल महाविद्यालय बल्लभगढ़ (स्व-वित्तीय संस्थान) में “युवाओं के समग्र विकास में अष्टांग योग और प्राकृतिक चिकित्सा की भूमिका” विषय पर तीन दिवसीय योग कार्यशाला का आयोजन किया गया। अग्रवाल महाविद्यालय प्राचार्य एवं कार्यक्रम के मुख्य अध्यक्ष डॉ कृष्ण कांत गुप्ता की सद्प्रेरणा से विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास हेतु अनेकानेक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। स्व-वित्तीय संस्थान के प्रभारी एवं कार्यक्रम संरक्षक डॉ० संजीव गुप्ता के मार्गदर्शन में यह तीन दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई।
कार्यशाला के प्रथम दिन मुख्य अतिथि के रूप में श्री सतपाल (योग प्रशिक्षक) उपस्थित रहे। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा के माध्यम से अवसाद को दूर करते हुए उन्हें स्वस्थ जीवन के प्रति जागरूक करना था।इस कार्यशाला के प्रथम दिन में हिंदी विभाग के साथ समस्त विभागों के स्नातकोत्तर के विद्यार्थियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ परंपरागत रूप से सरस्वती वंदना एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ।कार्यक्रम के शुरुआत में प्रभारी महोदय ने सभी का अभिवादन करते हुए योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा के महत्व को बताते हुए आज के जीवन में इसकी अनिवार्यता पर जोर दिया।उन्होंने कहा कि योग न केवल शारीरिक बल्कि मानसिक रूप से स्वस्थता प्रदान करता है। ततपश्चात मुख्य अतिथि ने “समग्र कल्याण प्रबंधन” (शारीरिक एवं मानसिक) विषय पर कहा कि आधुनिक समय की व्यस्त जीवनशैली के कारण युवाओं का शारीरिक विकास कम होना तथा मानसिक तनाव के कारणों को बताते हुए विभिन्न योग मुद्राओं द्वारा उनके निराकरण पर विस्तृत चर्चा करी।इस कार्यशाला मे स्नातकोत्तर के लगभग 100 विद्यार्थियों ने सक्रिय भागीदारिता निभाई और प्रश्नों के माध्यम से अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया।मंच संचालन श्रीमती मधु सिंगला द्वारा किया गया।
कार्यक्रम की संयोजिका डीन एवं प्रबंध विभाग अध्यक्षा डॉ शिल्पा गोयल एवं हिंदी विभागाध्यक्षा डॉ रेणु माहेश्वरी रही। समन्वयक के रूप में श्रीमती उषा चौधरी, डॉ रेणु माहेश्वरी, डॉ प्रवीण गुप्ता, डॉ सचिन गर्ग उपस्थित रहे। सह- समन्वयक मे श्रीमती त्रिमेश कालरा,मोहिनी वर्मा,स्वाति एवं मधु सिंगला एवम तकनीकी सहयोगी शिल्पी गोयल रही।योग
शिविर के प्रथम दिन का समापन डॉ रेणु माहेश्वरी के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।
