फरीदाबाद,जनतंत्र टुडे
डी.ए.वी. शताब्दी महाविद्यालय ने अपने शैक्षिक कार्यक्रमों की गुणवत्ता का आकलन करने और उसे बढ़ाने के लिए एक व्यापक शैक्षणिक और प्रशासनिक ऑडिट किया। इस ऑडिट का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना रहा कि कॉलेज के शैक्षणिक मानक सर्वोत्तम प्रथाओं और छात्रों की बढ़ती जरूरतों के साथ जुड़े रहें।
ऑडिट का नेतृत्व बाहरी विशेषज्ञों की एक टीम ने किया जिसमें प्रतिष्ठित शिक्षाविद और पेशेवर उद्यमी शामिल रहे | एमडीयू विश्वविद्यालय रोहतक कंप्यूटर विज्ञान विभाग के प्रोफेसर डॉ. नसीब सिंह गिल व जिला उच्चतर शिक्षा अधिकारी और राजकीय महाविद्यालय फरीदाबाद की प्राचार्या डॉ. सुनिधि ने इस ऑडिट की अध्यक्षता की | प्रशासनिक विशेषज्ञ के रूप में राजकीय महाविद्यालय खेड़ी गुजरान के कार्यवाहक प्राचार्य सुनील शर्मा, उद्योगपति संदीप सिंघल के साथ महाविद्यालय के पूर्व छात्र जुगल ने कॉलेज के शैक्षणिक ढांचे के विभिन्न पहलुओं की सावधानीपूर्वक समीक्षा की। पाठ्यक्रम डिजाइन, शिक्षण पद्धतियां, संकाय योग्यताएं, अनुसंधान निष्कर्ष और छात्र प्रतिक्रिया इस ऑडिट के प्रमुख क्षेत्रों में शामिल रहे।
महाविद्यालय की कार्यकारी प्राचार्या डॉ. अर्चना भाटिया ने बताया कि ऑडिट टीम ने कॉलेज की शैक्षणिक गुणवत्ता को और बेहतर बनाने के लिए कुछ महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं और महाविद्यालय प्रबंधन ने इन सुझावों का स्वागत किया है | महाविद्यालय अपनी अकादमिक उत्कृष्टता को और ज्यादा बेहतर बनाने को लेकर लगातार प्रयास करने की अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त करता है।
