
जे.सी.बोस विश्वविद्यालय वाईएमसीए के मीडिया विद्यार्थी गांव दयालपुर पहुंचे में ग्रामीणों से जानकारी लेते हुए।
फरीदाबाद,जनतंत्र टुडे/ जे.सी. बोस विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, वाईएमसीए, फरीदाबाद के मीडिया विद्यार्थियों ने ग्रीष्मकालीन इंटर्नशिप कार्यक्रम 2025 के अंतर्गत आदर्श गांव दयालपुर का भ्रमण किया। ग्रामीण परिवेश की संस्कृति से परिचय कराने के उदेश्य से उक्त भ्रमण कराया गया। दयालपुर गांव खेल-खेत के साथ राजनेताओं-शिक्षाविदों की जन्मस्थली और अध्यात्म की धरोहर श्री सरोवर गुरुद्वारा के लिए जाना जाता है। छठी पातशाही गुरु हरगोविंद के गांव दयालपुर में आने पर वहां पर तीर मार कर आसपास के नमकीन पानी को मीठा करने के यादगार में इस गुरुद्वारा की प्राचीन मान्यता है। दूर दराज से यहां श्रद्धालु अपनी अपनी अरदास लगाने आते हैं।
गांव की पहचान राष्ट्रीय-अतर्राष्ट्रीय खिलाड़ी और जैविक खेती-बाड़ी करने वाले किसानों और समाजसेवी युवाओं की टोली जैसी तमाम उपलब्धियों के अतिरिक्त एम्स स्वास्थ्य केंद्र, गांव में सबसे पहले पीएनजी गैस की आपूर्ति और युवाओं को प्रतियोगिता परीक्षाओं की तैयारी करने में मील का पत्थर साबित होने वाली वातानुकूलित लाईब्रेरी जैसी सुविधाओं के चलते एक अलग पहचान बनाती है। इन्ही तमाम विशेषताओं से मीडिया विद्यार्थियों को परिचित कराने के उद्देश्य से विभागाध्यक्ष प्रो.पवन सिंह के मार्गदर्शन में इस ग्रामीण भ्रमण का आयोजन किया गया।
चलो गांव की ओर भाव को चरितार्थ करते हुए मीडिया विद्यार्थियों ने दयालपुर गांव भ्रमण के दौरान वहां फोटोग्राफी, वीडियोग्राफी, रील मेकिंग, डाक्यूमेंट्री के लिए कैमरा से शूट किया। ग्रामीणों के साक्षात्कार लिए। गांव की तमाम उपलब्धियों को अपने कैमरा में कैद किया। ग्रामीणों द्वारा मीडिया विद्यार्थियों का भव्य स्वागत किया गया। सभी ने एकसाथ अल्पाहार किया। उसके उपरांत दयालपुर गांव में ग्रामीण परिवेश की संस्कृति को जाना और उनसे संबंधित चित्र एवं जानकारी एकत्रित किए। गांव की तरफ से पदम और उनकी युवा टोली ने विद्यार्थियों को दोपहर में सामूहिक भोजन कराने के उपरांत मुस्कराते हुए विदा किया।
जे.सी.बोस विश्वविद्यालय के संचार एवं मीडिया तकनीकी विभागाध्यक्ष प्रोफेसर डॉ.पवन सिंह के मार्गदर्शन में सम्पन्न इस भ्रमण का नेतृत्व वरिष्ठ प्रशिक्षक दुष्यंत त्यागी, प्रोडक्शन सहायक पंकज सैनी और अंजू सिंह ने किया। इस दौरे की शुरुआत गांव स्थित पुस्तकालय में आयोजित परिचय सत्र से हुई जहां अनुभवी ग्रामीणों में शिक्षाविद मास्टर वीरेंद्र, मास्टर बाबूराम, मास्टर धर्मवीर, मास्टर सौदान, बृजमोहन हुड्डा, सूबेदार मीर सिंह, मास्टर ओमपाल हुड्डा, बच्चू सिंह सराव, दीपक सराव, पुनीत हुड्डा मनिक सराव, यश शर्मा और समस्त हमारे प्रयास की टीम ने अपने अपने क्षेत्र के संस्मरण एवं गांव में उपलब्ध सुविधाओं को विस्तारपूर्वक बताया। जिससे ग्रामीण परिवेश को समझने में विद्यार्थियों को आसानी हुई।






