
विश्वविद्यालय परिसर में पौधारोपण के उपरांत मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार श्री अमित आर्य, कुलपति प्रो. सुशील कुमार तोमर तथा अन्य
फरीदाबाद,जनतंत्र टुडे
जे.सी. बोस विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, वाईएमसीए, फरीदाबाद ने आज विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर जलवायु परिवर्तन का मुकाबला करने और पौधारोपण को बढ़ावा देने की पहल के रूप में केन्द्र सरकार के मेरीलाइफ मिशन मूवमेंट से जुड़ते हुए पौधारोपण अभियान की शुरूआत की। कार्यक्रम का आयोजन वसुंधरा इको-क्लब और विश्वविद्यालय के पर्यावरण विज्ञान विभाग द्वारा किया गया। इस अभियान का उद्देश्य एआईसीटीई के ‘वन स्टूडेंट, वन ट्री 2023’ मिशन को साथ लेकर चलते हुए व्यापक स्तर पर वृक्षारोपण अभियान शुरू करना भी है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर सुशील कुमार तोमर ने की। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि ऐसे समय में जब अत्यधिक तापमान, असामान्य तूफान और चक्रवात और प्राकृतिक आपदाओं ने लगातार हमारी पृथ्वी को अपूरणीय क्षति पहुंचाई है, विश्व पर्यावरण दिवस 2023 हम सभी के लिए पर्यावरण की सुरक्षा के लिए कार्य करने का अवसर प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय लोगों को एक ऐसी जीवन शैली के लिए प्रेरित करने की पहल कर रहा है जो संसाधनों के सावधानीपूर्वक उपयोग पर केंद्रित है और इसका उद्देश्य ‘उपयोग और निपटान’ की हमारी आदतों को बदलना लाना भी है।
इससे पहले कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार श्री अमित आर्य ने परिसर में बरगद का पौधा लगाकर किया। उन्होंने विश्वविद्यालय द्वारा पौधारोपण अभियान शुरू करने के प्रयासों की सराहना की। इस अवसर पर पंजाब विश्वविद्यालय, चंडीगढ़ के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ लीगल स्टडीज से से डॉ. भरत ने विश्वविद्यालय में जामुन का पौधा लगाया।
पर्यावरण विज्ञान विभाग की प्रभारी अध्यक्ष एवं ईको-क्लब की संयोजक डॉ. रेणुका गुप्ता ने अवगत कराया कि विश्वविद्यालय का पौधारोपण अभियान जुलाई और अगस्त 2023 में भी जारी रहेगा। उन्होंने विश्वविद्यालय के सभी छात्रों, शिक्षकों और कर्मचारियों से अनुरोध किया कि वे कम से कम एक पेड़ अवश्य लगाएं। उन्होंने सुझाव दिया कि ऐसे पेड़ का नाम उस व्यक्ति के नाम पर रखा जा सकता है जिसने वह पेड़ लगाया हो। अभियान के दौरान लगाये जाने वाले पेड़ों का रिकार्ड भी रखा जायेगा, जिसके लिए जल्द ही आनलाइन लिंक साझा किया जाएगा, जिसके माध्यम से प्रत्येक व्यक्ति अपने द्वारा लगाये गये पेड़ का विवरण दर्ज करवा सकता है। पौधारोपण को प्रोत्साहन देने के लिए अभियान में हिस्सा लेने वाले विद्यार्थियों, शिक्षकों तथा कर्मचारियों को ‘प्रो प्लेनेट पीपल’ के रूप में मान्यता दी जाएगी तथा प्रशंसा प्रमाण पत्र प्रदान किया जाएगा।
कार्यक्रम का सफलतापूर्वक समन्वयन ईको-क्लब के सदस्यों डॉ. प्रीति सेठी, डॉ. साक्षी कालरा, डॉ. सोमवीर बजाड़ और डॉ. अनीता गिरधर द्वारा किया गया।







